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ह्यूंदाई मोटर ग्रुप की 2032 तक भारत में 15.5 अरब डॉलर के निवेश की योजना

फ्री प्रेस जर्नल के अनुसार ह्यूंदाई मोटर ग्रुप 2032 तक भारत में लगभग 1.29 लाख करोड़ रुपये का निवेश करेगा, जिसमें कारख़ाने, आरएंडडी और नए कारोबार शामिल हैं।

लेखक विंध्य सत्ता डेस्क
ह्यूंदाई मोटर ग्रुप की 2032 तक भारत में 15.5 अरब डॉलर के निवेश की योजना
Photo: L.vivian.richard at English Wikipedia, Public domain, via Wikimedia Commons. Archive photo of a Hyundai plant near Chennai; not from the announcement.
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ह्यूंदाई मोटर ग्रुप ने 2026 से 2032 तक भारत में 15.5 अरब अमरीकी डॉलर, यानी लगभग 1.29 लाख करोड़ रुपये के निवेश की योजना की घोषणा की है। फ्री प्रेस जर्नल की रिपोर्ट के अनुसार, जो कंपनी की एक्सचेंज फाइलिंग पर आधारित थी, इस योजना पर 13 अक्टूबर को नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ग्रुप के कार्यकारी अध्यक्ष उइसूंग चुंग की बैठक में चर्चा हुई। फ्री प्रेस जर्नल की एक अलग सुर्ख़ी के मुताबिक घोषणा के बाद ह्यूंदाई के शेयर 2.4 प्रतिशत चढ़े।

रिपोर्ट के अनुसार इस खर्च में विनिर्माण विस्तार, अनुसंधान एवं विकास (आरएंडडी) ढांचा, पुर्ज़ों के स्थानीयकरण के लिए स्थानीय आपूर्तिकर्ताओं का विकास और भविष्य की तकनीक शामिल हैं। ग्रुप आरएंडडी, भविष्य की तकनीक और इकोसिस्टम निवेशों के समन्वय के लिए भारत में एक अलग निवेश इकाई भी बनाएगा। चुंग ने इस निवेश को आने वाले 30 वर्षों और उससे आगे तक भारत के प्रति ग्रुप की प्रतिबद्धता की पुनःपुष्टि बताया।

विनिर्माण में ह्यूंदाई मोटर इंडिया लिमिटेड और किया इंडिया की क्षमता बढ़ाई जाएगी, जिसका उद्देश्य वॉल्यूम वृद्धि, उत्पादन का स्थानीयकरण और भारत को वैश्विक निर्यात मंच बनाना बताया गया है। रिपोर्ट के अनुसार वर्तमान क्षमता प्रति वर्ष 14 लाख से अधिक वाहनों की है: ह्यूंदाई चेन्नई में 824,000, पुणे में 170,000, जिसे चरणों में बढ़ाया जाएगा, और किया अनंतपुर में 431,000 यूनिट।

लगभग 70 करोड़ डॉलर, यानी करीब 5,830 करोड़ रुपये, एक आरएंडडी केंद्र के लिए रखे गए हैं, जिसमें वाहन परीक्षण ट्रैक भी होगा। योजना में ऑटोमोटिव फाइनेंसिंग, ईवी चार्जिंग ढांचे और पुराने वाहनों की रिसाइक्लिंग जैसे नए कारोबारी क्षेत्र भी शामिल हैं। ग्रुप भारत में 24,000 से अधिक लोगों को रोज़गार देता है, और रिपोर्ट के अनुसार निवेश से विनिर्माण, आरएंडडी, इंजीनियरिंग और आपूर्ति श्रृंखला में नौकरियाँ बढ़ने की उम्मीद है। रिपोर्ट में किसी विशेष इलेक्ट्रिक वाहन मॉडल का विवरण नहीं है और नए खर्च के लिए राज्यों के नाम नहीं दिए गए।

फ्री प्रेस जर्नल की 15 अक्टूबर की एक संबंधित रिपोर्ट महाराष्ट्र में ह्यूंदाई की एक परियोजना पर थी। उसके अनुसार महाराष्ट्र के उद्योग मंत्री उदय सामंत ने सोशल मीडिया पोस्ट में पुणे ज़िले के मावल के तळेगाव में 15,000 करोड़ रुपये की ह्यूंदाई मोटर परियोजना का उल्लेख किया, जिसका उद्घाटन उनके अनुसार मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़णवीस ने किया। सामंत ने 6,000 से अधिक प्रत्यक्ष नौकरियाँ, 83 प्रतिशत स्थानीयकरण और 55 आपूर्तिकर्ता भागीदार गिनाए और कहा कि वहाँ बनने वाली ह्यूंदाई वेन्यू कारों का 35 से अधिक देशों को निर्यात होगा।

सामंत ने बताया कि 2024 में वर्ल्ड इकॉनमिक फोरम के दावोस सत्र में 6,000 करोड़ रुपये का समझौता ज्ञापन हस्ताक्षरित हुआ था और बाद में ह्यूंदाई ने निवेश बढ़ाकर 15,000 करोड़ रुपये कर दिया। उन्होंने इस परियोजना को विपक्ष के उन दावों का जवाब बताया जिनमें कहा गया था कि राज्य में नई इंडस्ट्री नहीं आ रही। यह मंत्री का राजनीतिक बयान है, और रिपोर्टों में यह नहीं बताया गया कि तळेगाव परियोजना ग्रुप की राष्ट्रीय योजना का हिस्सा है या नहीं।

ऊपर दिए गए आँकड़े रिपोर्ट किए गए कंपनी और मंत्री के दावे हैं। छह साल में फैली निवेश योजना इरादे का बयान है, पूरा हुआ खर्च नहीं, और विंध्य सत्ता ने आँकड़ों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं की है। स्थानों, समय-सीमा और रोज़गार के बारे में और जानकारी कंपनी और प्रशासन से आने की संभावना है।

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